Daily Archive: January 9, 2018

एसएसपी की गैरमौजूदगी में डीएम ने ली क्राइ म मीटिंग

नोएडा ब्रेकिंग–एसएसपी की गैरमौजूदगी में डीएम ने ली क्राइम मीटिंग,कल शाम डीएम बीएन सिंह ने आदेश कर आज बुलवाई क्राइम मीटिंग,एसएसपी लव कुमार गए हुए है छुट्टी पर,एसएसपी का इंतेज़ार नही कर सकते डीएम साहब,डीएम के साथ कप्तान बने बीएन सिंह, डीएम बीएन सिंह की अद्यक्षता में पुलिस ऑफिस में हुई क्राइम मीटिंग

शिक्षा में गुणात्मक सुधार लाने के उद्देश ्य से जिला प्रशासन ने दो कंपनियों संग किया एम ओयू साइन

जिलाधिकारी गौतम बुद्ध नगर के कैंप कार्यालय नोएडा के सभागार में आज 46 स्कूलों में सीएसआर के माध्यम से बुनियादी सुविधाओं सरकारी स्कूलों में उपलब्ध कराने के उद्देश्य से जिला प्रशासन एवं डी ल फ कंपनी तथा पावर ग्रिड कारपोरेशन के द्वारा आपस में एमओयू साइन किया गया ताकि जनपद के सरकारी स्कूल के बच्चे गुणात्मक रूप से शिक्षा प्राप्त कर सके ।
बुनियादी सुविधाओं में उनको पीने के पानी, सुलभ शौचालय, बैठने के लिए अच्छा फर्नीचर आदि की सुविधा उपलब्ध हो सके। इस अवसर पर जिलाधिकारी गौतम बुद्ध नगर ब्रजेश नारायण सिंह ने कहा कि दोनों कंपनियों के द्वारा विकास से जुड़े जो कार्य चिन्हित स्कूलों में किए जाएंगे उसके लिए आर ई एस संस्था के द्वारा निर्माण कार्य कराया जाएगा। उन्होंने सभी कार्य पूर्ण गुणवत्ता के साथ करने के निर्देश दिए ।

इस अवसर पर क्षेत्रीय विधायक माननीय पंकज सिंह जी भी उपस्थित रहे। उन्होंने अपने उद्बोधन में कहा कि जनपद के सरकारी स्कूलों में जिला प्रशासन के द्वारा प्राइवेट कंपनियों के माध्यम से सी एस आर मद के तहत जो विकास कार्य कराए जा रहे हैं वह अपने आप में महत्वपूर्ण हैं और इन कार्यों से सरकार के स्कूलों में पढ़ने वाले बच्चों की शिक्षा में अवश्य रुप से गुणात्मक सुधार होगा । उन्होंने यह भी अपेक्षा की है कि आगे भी इसी प्रकार के कार्य सरकारी स्कूलों में कराए जाएं ताकि सभी बच्चे गुणवत्ता के साथ शिक्षा ग्रहण कर सकें ।

इस अवसर पर मुख्य विकास अधिकारी अनिल कुमार सिंह, नगर मजिस्ट्रेट नोएडा महेंद्र कुमार सिंह, जिला बेसिक शिक्षा अधिकारी बालमुकुंद प्रसाद तथा अन्य अधिकारी गण एवं संबंधित कंपनियों के अधिकारीगण उपस्थित रहे।

दादरी : रेलवे ट्रैक बना मौत का काल, बेटे के सामने हुई माँ की मौत

ग्रेटर नोएडा : अक्सर रेलवे फाटक पर पुलिस की तैनाती होती है ताकि कोई भी व्यक्ति बंद फाटक को क्रॉस ना कर सके। लेकिन इसके बावजूद आये दिन हादसे होते रहते है। ऐसा ही एक रेल हादसा दादरी रेलवे फाटक के पास हुआ है जहां पर जल्दबाजी के कारण एक युवक अपनी माँ के साथ दादरी रेलवे ट्रैक को पार करने की कोशिश करने लगा। युवक तो ट्रैक पार कर गया लेकिन उसकी माँ ट्रैक पार नहीं कर पायी , और सामने से आ रही राजधानी एक्सप्रेस की चपेट आने से उसकी मौत हो गयी। घटना दादरी कोतवाली की है, दादरी के रेलवे रोड स्थित दौलत राम मार्केट निवासी राकेश गुप्ता पोस्ट ऑफिस में नौकरी करते हैं। उनकी पत्नी बिमलेश (58) अपने बेटे रिंकू (20) के साथ स्कूटी से दिल्ली के संगम विहार स्थित अपनी बहन से मिलने गई थीं। रविवार शाम दोनों दिल्ली से घर लौट रहे थे। जब दोनों दादरी रेलवे फाटक के पास पहुंचे तो राजधानी एक्सप्रेस आ रही थी और फाटक बंद कर दिया गया था। रिंकू बंद फाटक से अपनी स्कूटी निकाल कर ट्रैक पार करने लगा, तो उसकी मां भी उसके साथ ट्रैक पार करने लगी। इसी दौरान राजधानी एक्सप्रेस आ गई। बेटा रिंकू तो जल्दी से ट्रैक को पार गया, लेकिन उसकी मां ट्रेन की चपेट में आ गई और उसकी मौत हो गई। अपने सामने ही मां को कई टुकड़ों में देखकर बेटा बेसुध हो गया। राहगीरों ने उसे संभाला और परिजनों को सूचना दी। पुलिस का कहना है कि परिजनों ने सूचना दिए बिना शव का अंतिम संस्कार कर दिया है।

पुलिस से नहीं डरते हैं लोग बंद फाटक के दौरान ट्रैक पार करने के दौरान बढ़ती घटनाओं के मद्देनजर यहां पर पुलिस भी तैनात की गई है, जो बंद फाटक को पार करने के दौरान लोगों को रोकती है, लेकिन लोग नहीं मानते हैं और ट्रैक पार कर जाते हैं।

दादरी : रेलवे ट्रैक बना मौत काल, बेटे के साम ने हुई माँ की मौत

ग्रेटर नोएडा : अक्सर रेलवे फाटक पर पुलिस की तैनाती होती है ताकि कोई भी व्यक्ति बंद फाटक को क्रॉस ना कर सके। लेकिन इसके बावजूद आये दिन हादसे होते रहते है। ऐसा ही एक रेल हादसा दादरी रेलवे फाटक के पास हुआ है जहां पर जल्दबाजी के कारण एक युवक अपनी माँ के साथ दादरी रेलवे ट्रैक को पार करने की कोशिश करने लगा। युवक तो ट्रैक पार कर गया लेकिन उसकी माँ ट्रैक पार नहीं कर पायी , और सामने से आ रही राजधानी एक्सप्रेस की चपेट आने से उसकी मौत हो गयी। घटना दादरी कोतवाली की है, दादरी के रेलवे रोड स्थित दौलत राम मार्केट निवासी राकेश गुप्ता पोस्ट ऑफिस में नौकरी करते हैं। उनकी पत्नी बिमलेश (58) अपने बेटे रिंकू (20) के साथ स्कूटी से दिल्ली के संगम विहार स्थित अपनी बहन से मिलने गई थीं। रविवार शाम दोनों दिल्ली से घर लौट रहे थे। जब दोनों दादरी रेलवे फाटक के पास पहुंचे तो राजधानी एक्सप्रेस आ रही थी और फाटक बंद कर दिया गया था। रिंकू बंद फाटक से अपनी स्कूटी निकाल कर ट्रैक पार करने लगा, तो उसकी मां भी उसके साथ ट्रैक पार करने लगी। इसी दौरान राजधानी एक्सप्रेस आ गई। बेटा रिंकू तो जल्दी से ट्रैक को पार गया, लेकिन उसकी मां ट्रेन की चपेट में आ गई और उसकी मौत हो गई। अपने सामने ही मां को कई टुकड़ों में देखकर बेटा बेसुध हो गया। राहगीरों ने उसे संभाला और परिजनों को सूचना दी। पुलिस का कहना है कि परिजनों ने सूचना दिए बिना शव का अंतिम संस्कार कर दिया है।

पुलिस से नहीं डरते हैं लोग बंद फाटक के दौरान ट्रैक पार करने के दौरान बढ़ती घटनाओं के मद्देनजर यहां पर पुलिस भी तैनात की गई है, जो बंद फाटक को पार करने के दौरान लोगों को रोकती है, लेकिन लोग नहीं मानते हैं और ट्रैक पार कर जाते हैं।

भारतीय किसान यूनियन (अरा) ने की यमुना प्राधिकरण सीईओ के साथ बैठक, किसान समस्याओं को बोर्ड बैठक में उठाने का मिला आश्वाशन !

आज यमुना प्राधिकरण कार्यालय पर प्राधिकरण सीईओ के साथ भारतीय किसान यूनियन (अरा) की बैठक हुई जिसमें सीईओ अरुण वीर सिंह ने भारतीय किसान यूनियन के प्रतिनिधि मंडल को आश्वासन दिया की 22 -1-18 को बोर्ड बैठक मे किसानों के सभी समस्याओं का समाधान करा दिया जायेगा। इस पर किसान प्रतिनिधिमंडल ने कहा अगर किसानों की समस्या का समाधान बोर्ड बैठक से नहीं किया तो भारतीय किसान यूनियन अराजनैतिक यमुना प्राधिकरण पर धरना प्रदर्शन कर अनिश्चित कालीन आंदोलन करेगी।

भारतीय किसान यूनियन (अराजनैतिक) के प्रवक्ता सुनील प्रधान ने बैठक की जानकारी देते हुए बताय की प्राधिकरण सीईओ से निम्न बातें पर वार्ता की गई :
प्राधिकरण द्वारा 64.7% अतिरिक्त मुआवजा शीघ्र दिलाया जाएगा
प्राधिकरण क्षेत्र में लगने वाले उद्योगों में 50% स्थानीय लोगों को रोजगार उपलब्ध कराया जाएगा
आबादियों का निस्तारण बोर्ड बैठक के तुरंत बाद ही कराना आरंभ कर दिया जाएगा
प्राधिकरण के अधिसूचित क्षेत्र अंतर्गत गांवों के श्मशान कब्रिस्तान बनवाने व गावो में पानी निकासी की व्यवस्था तुरंत कराई जाएगी।

प्राधिकरण के अधीन अधिसूचित क्षेत्र के सभी गांव में सफाई कर्मी प्राधिकरण द्वारा नियुक्त किए गये उन गांव में 7 व्यक्तियों की एक टीम गठित होगी।

इन मुद्दे पर चर्चा के पश्चात सभी किसानों ने प्राधिकरण के मुख्य कार्यपालक अधिकारी का आभार व्यक्त किया।
इस मौके पर चौधरी महेंद्र चौरोली, लज्जाराम नागर, ओमप्रकाश कसाना, पवन खटाना,प्रदेश सचिव, रजनीकांत अग्रवाल, दया प्रधान, भूपेंद्र प्रधान, हरेंद्र भाटी, मनोज मावी ,सुखबीर नेताजी, संजय कसाना, शमशाद सैफी, यादराम नेताजी, लाल सिंह भाटी, जय वीर नागर,नरेंद्र नागर, सुनील प्रधान, आदि किसान प्रतिनिधिमंडल मौजूद रहा

ठंड में बढ़ जाता ब्रेन स्ट्रोक का खतरा

नौएडा सहित राष्ट्रीय राजधानी क्षेत्र (एनसीआर) में तापमान के छह डिग्री सेल्शियस से भी नीचे पहुंच जाने के कारण कंपकंपी और ठिठुरन बढ़ने से ब्रेन स्ट्रोक के मामले बढ़ रहे हैं और ऐसे में न्यूरो विशेषज्ञों ने लोगों से ठंड से बचकर रहने की सलाह दी है।

नौएडा के फोर्टिस हाॅस्पिटल के ब्रेन स्ट्रोक विशेषज्ञ एवं न्यूरो सर्जन डाॅ. राहुल गुप्ता ने बताया कि पिछले करीब एक सप्ताह से उनके पास हर दिन ब्रेन स्ट्रोक के मरीज आ रहे हैं। पिछले कुछ दिनों के दौरान उनके पास ब्रेन स्ट्रोक के तीन गुना अधिक मरीज आ रहे हैं और ब्रेन स्ट्रोक के मामलों में वृद्धि के लिए ठंड जिम्मेदार है।

गौरतलब है कि उत्तर प्रदेश में भीषण ठंड के कारण 70 से अधिक लोगों की मौत हो चुकी है।
डाॅ. राहुल गुप्ता बताते हैं कि अत्यधिक ठंड में होने वाली मौतों का मुख्य कारण ब्रेन स्ट्रोक एवं हार्ट अटैक होता है। उनके अनुसार सर्दियों में ब्रेन स्ट्रोक और खास तौर पर हेमोरेजिक स्ट्रोक के मामले अन्य महीनों की तुलना में करीब तीन गुना अधिक बढ़ जाते हैं।
उनके अनुसार सर्दियों में शरीर का रक्त चाप बढ़ता है जिसके कारण रक्त धमनियों में क्लाॅटिंग होने से स्ट्रोक होने के खतरे बढ़ जाते हैं। ब्रेन स्ट्रोक का एक प्रमुख कारण रक्त चाप है। रक्तचाप अधिक होने पर मस्तिष्क की धमनी या तो फट सकती है या उसमें रुकावट पैदा हो सकती है।
इसके अलावा इस मौसम में रक्त गाढ़ा हो जाता है और उसमें लसीलापन बढ़ जाता है, रक्त की पतली नलिकाएं संकरी हो जाती है, रक्त का दबाव बढ़ जाता है। धमनियों की लाइनिंग अस्थायी रूप से क्लाॅट के प्रति अधिक संवेदनशील हो जाती हैं। अधिक ठंड पड़ने या ठंडे मौसम के अधिक समय तक रहने पर खासकर उच्च रक्तचाप से पीड़ित लोगों में स्थिति अधिक गंभीर हो जाती है। इसके अलावा सर्दियों में लोग कम पानी पीते हैं जिसके कारण रक्त गाढ़ा हो जाता है और इसके कारण स्ट्रोक का खतरा बढ़ जाता है। उनका सुझाव है कि सर्दियों में अधिक मात्रा में पानी तथा तरल पीना चाहिये।
डाॅ. राहुल गुप्ता के अनुसार बहुत ठंड के कारण हृदय के अलावा मस्तिष्क और शरीर के अन्य अंगों की धमनियां सिकुड़ती हैं, जिससे रक्त प्रवाह में रुकावट आती है और रक्त के थक्के बनने की आशंका अधिक हो जाती है। ऐसे में ब्रेन स्ट्रोक, दिल के दौरे तथा शरीर के अन्य अगों में पक्षाघात होने के खतरे अधिक होते हैं।

डाॅ. राहुल गुप्ता के अनुसार कई अध्ययनों से पता चला है कि कम तापमान होने पर स्ट्रोक होने तथा स्ट्रोक के कारण मौत होने का खतरा बढ़ता है, खास तौर पर अधिक उम्र के लोगों में। इसलिये लोगों को अपने शरीर को गर्म रखने के लिये अतिरिक्त सावधानी बरतनी चाहिए। इसके अलावा स्ट्रोक से बचने के लिये शराब और धूम्रपान का सेवन कम करना चाहिए।

सर्दी के महीनों में, जिन लोगों को न्यूरोलाॅजिकल समस्याएं हैं उनकी समस्याएं बढ़ सकती है। तापमान घटने से नर्व में दर्द बढ़ सकता है। डाॅ. राहुल गुप्ता का सुझाव है कि जिन लोगों को नर्व दर्द, रीढ़ में दर्द, ट्राइजेमिनल न्यूरेल्जिया, मांसपेशियों में कड़ापन और संवेदना में कमी जैसी न्यूरोलाॅजिकल समस्याएं हैं उन्हें अधिक ठंड से बचना चाहिए।
अत्यधिक ठंड का मौसम शुरु होते ही, बच्चों में सिर दर्द होने का खतरा 15-20 प्रतिशत तक बढ़ जाता है। ऐसा विशेष रूप से उन बच्चों को अधिक होता है जो माइग्रेन से ग्रस्त होते हैं।
छोटे बच्चे सिर दर्द या अन्य समस्याओं के बारे में ठीक से नहीं बता पाते हैं, बल्कि वे इसे अन्य तरीकों से प्रकट करते हैं। जैसे, वे चिड़चिड़े और जिद्दी हो जाते हैं और उन्हें सोने और खाने में समस्या हो सकती है।
इसके अलावा अधिक ठंड में चेहरे में लकवा मारने (फेसियल पारालाइस) का भी खतरा होता है इसलिए अगर आप सुबह और शाम को घर से बाहर निकलें तो चेहरे को अच्छी तरह ढक लें। फेसियल परालाइसिस के मरीज आंखें नहीं खोल पाते, चेहरा टेढ़ा हो जाता है और मुंह के जरिए कुछ भी उगल नहीं पाते।

उन्होंने कहा कि बहुत ठंड में खुले में मोटरसाइकिल चलाना खतरनाक हो सकता है क्योंकि मस्तिष्क की सात नर्व कान के जरिए गुजरती है और बहुत अधिक ठंड होने पर जिस टनल के जरिए ये नर्व गुजरते हैं उसमें सूजन आ जाती है जिससे फेसियल पारालाइसिस होता है। यह समस्या युवकों को भी हो सकती है।